Ghaziabad की Bharat City Society से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने हर माँ-बाप की रूह कांप दी है।

एक ही घर की तीन सगी बहनों ने 9वीं मंजिल (9th Floor) से कूदकर अपनी जान दे दी। लेकिन, इस सामूहिक आत्महत्या (Mass Suicide) के पीछे की वजह ने पूरे देश को सोचने पर मजबूर कर दिया है।


मरने से पहले, उन बच्चियों ने अपने कमरे की दीवार पर 11 Words का एक ऐसा मैसेज छोड़ा, जो उनकी मानसिक स्थिति और अकेलेपन की चीख बयां कर रहा है।

आइये जानते हैं इस दर्दनाक घटना की पूरी सच्चाई, पुलिस की Investigation और उन 11 शब्दों का रहस्य।

वो 11 शब्द जिन्होंने सबको हिला दिया (The 11 Words)

पुलिस जब घटना के बाद फ्लैट के अंदर पहुंची, तो उन्हें दीवार पर कुछ लिखा हुआ मिला। वो 11 Words थे:

"I am very, very alone. My life is very, very alone." (मैं बहुत, बहुत अकेली हूँ। मेरी ज़िंदगी बहुत, बहुत अकेली है।)

सोचिये, जिस घर में 5 बच्चे और 4 बड़े (माता-पिता) एक साथ रहते हों, वहां ये तीन बहनेंNishika (16), Prachi (14), और Pakhi (12)—इतना अकेला महसूस कर रही थीं कि उन्होंने मौत को गले लगा लिया। दीवार पर एक और जगह लिखा था"Make me a heart of broken"

K-Pop, Korean Culture और एक काल्पनिक दुनिया

शुरुआत में पुलिस को लगा कि यह किसी Online Game (जैसे Blue Whale) का नतीजा है, लेकिन जांच में एक अलग ही एंगल सामने आया। ये तीनों बहनें Korean Culture, K-Pop और K-Dramas की दीवानी थीं।

  1. Isolation from Reality: ये बच्चियां पिछले 2-3 साल से स्कूल नहीं जा रही थीं। घर के अंदर ही बंद रहती थीं और बाहरी दुनिया से पूरी तरह कट चुकी थीं।
  2. Fantasy World: उनकी डायरी (Diary) में मिले नोट्स से पता चला कि वे खुद को "Korean" मानती थीं। उन्होंने अपने नाम भी कोरियन रख लिए थे।
  3. Hatred for Reality: डायरी में लिखा था कि उन्हें अपनी असली ज़िंदगी और परिवार से नफरत थी। वे अपनी छोटी बहन को भी "Korean" बनाना चाहती थीं, लेकिन जब परिवार ने रोका, तो उन्हें लगा कि वे उस दुनिया में नहीं जी सकतीं।

उस रात क्या हुआ? (Timeline of Tragedy)

घटना Wednesday (4 फरवरी) की देर रात की है।

  • परिवार के सोने के बाद, तीनों बहनें उठीं।
  • उन्होंने अपनी माँ से पानी पीने का बहाना बनाया और दूसरे कमरे में चली गईं।
  • कमरे को अंदर से लॉक किया और बालकनी से एक-एक करके नीचे कूद गईं।

सोसाइटी के गार्ड्स और पड़ोसियों ने जब तेज़ आवाज़ सुनी, तो वे दौड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। तीनों की मौके पर ही मौत हो गई।

Family Dynamics: 2 माँएं और एक पिता

पुलिस की जांच में परिवार का एक जटिल ढांचा भी सामने आया है। पिता Chetan Kumar (जो एक ट्रेडर हैं) ने दो शादियां की थीं और दोनों पत्नियां (जो आपस में बहनें हैं) एक ही घर में साथ रहती थीं।

  • Financial Stress: पिता के बिज़नेस में घाटा चल रहा था।
  • Lack of Communication: घर में इतने लोग होने के बावजूद, इन बच्चियों के मन में क्या चल रहा है, यह कोई समझ नहीं पाया। जब पिता ने उनकी "Mobile Addiction" छुड़वाने के लिए फोन छीना, तो यह उनके लिए ट्रिगर (Trigger) बन गया।

Suicide Note: "Sorry Papa"

पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें लिखा था: "Read everything written in this diary, it is all here. Sorry Papa, I am really sorry."

यह नोट और दीवार पर लिखे वो 11 Words चीख-चीख कर बता रहे हैं कि वे डिप्रेशन (Depression) और Identity Crisis के किस दौर से गुज़र रही थीं।

Parents के लिए एक सबक

Ghaziabad का यह केस सिर्फ़ एक घटना नहीं, बल्कि एक चेतावनी (Warning) है।

  • क्या आपको पता है आपका बच्चा इंटरनेट पर क्या देख रहा है?
  • क्या वह "Virtual World" में इतना खो गया है कि "Real World" उसे बुरा लगने लगा है?

इन तीन मासूम जानों का जाना हमें सिखाता है कि बच्चों से बात करना (Communication) और उनकी मानसिक सेहत का ख्याल रखना कितना ज़रूरी है।

 

Admin
Jan 18
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